ताजमहल - एक भारतीय भव्य धरोहर
ताजमहल भारत की सबसे प्रसिद्ध और खूबसूरत ऐतिहासिक धरोहर है। यह न केवल अपनी स्थापत्य कला (architecture) के लिए जाना जाता है, बल्कि यह प्रेम का एक अमर प्रतीक भी माना जाता है।
यहाँ ताजमहल का विस्तृत इतिहास और इससे जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियाँ दी गई हैं:
1. ताजमहल का परिचय
ताजमहल उत्तर प्रदेश के आगरा शहर में यमुना नदी के तट पर स्थित एक सफेद संगमरमर का मकबरा है। इसे मुगल सम्राट शाहजहाँ ने अपनी प्रिय पत्नी मुमताब महल की याद में बनवाया था। 1983 में इसे यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल घोषित किया गया था।
2. किसने और कब बनवाया?
- निर्माता: मुगल बादशाह शाहजहाँ (मुगल वंश के पाँचवें सम्राट)।
- निर्माण काल: ताजमहल का निर्माण कार्य 1631-32 में शुरू हुआ था।
- समय सीमा: मुख्य मकबरे का निर्माण 1643 के आसपास पूरा हो गया था, लेकिन पूरे परिसर (बगीचे, मस्जिद, और गेस्ट हाउस) को पूरी तरह तैयार होने में 1653 तक का समय लगा। यानी इसे बनने में लगभग 22 साल लगे।
3. क्यों बनाया गया? (ऐतिहासिक कारण)
शाहजहाँ अपनी बेगम मुमताज महल से बेहद प्यार करते थे। 1631 में अपने 14वें बच्चे को जन्म देते समय प्रसव पीड़ा के कारण मुमताज की मृत्यु हो गई। अपनी पत्नी की आखिरी इच्छा को पूरा करने और उनके प्रति अपने प्रेम को अमर बनाने के लिए शाहजहाँ ने दुनिया का सबसे सुंदर मकबरा बनाने का निश्चय किया।
4. स्थापत्य कला और निर्माण (Architecture)
ताजमहल को बनाने के लिए उस समय के सबसे बेहतरीन वास्तुकारों और कारीगरों को बुलाया गया था।
- मुख्य वास्तुकार: उस्ताद अहमद लाहौरी।
- कारीगर: इसे बनाने में लगभग 20,000 मजदूरों ने काम किया। इसमें भारत के अलावा फारस (ईरान) और मध्य एशिया के कलाकार भी शामिल थे।
- सामग्री: इसे बनाने में राजस्थान के मकराना से लाया गया सफेद संगमरमर इस्तेमाल किया गया। इसके अलावा, इसमें चीन से नीलम, श्रीलंका से पारभासी पत्थर और अरब से कई कीमती रत्न जड़े गए थे। कुल मिलाकर 28 प्रकार के बेशकीमती पत्थरों का उपयोग हुआ।
5. ताजमहल की बनावट की विशेषताएँ
ताजमहल की संरचना में इस्लामी, फारसी और भारतीय शैलियों का अनूठा मिश्रण है:
- मुख्य गुंबद: इसकी ऊंचाई लगभग 35 मीटर है। इसके चारों कोनों पर चार मीनारें हैं, जिन्हें थोड़ा बाहर की ओर झुकाया गया है ताकि भूकंप जैसी स्थिति में वे मुख्य मकबरे पर न गिरें।
- समरूपता (Symmetry): ताजमहल अपनी सटीक समरूपता के लिए प्रसिद्ध है। इसके बाईं ओर एक मस्जिद है, तो दाईं ओर बिल्कुल वैसी ही दिखने वाली एक इमारत (जवाब) बनाई गई है ताकि संतुलन बना रहे।
- चारबाग: मकबरे के सामने एक विशाल मुगल उद्यान है जिसे 'चारबाग' कहा जाता है, जो स्वर्ग के बगीचे की कल्पना को दर्शाता है।
6. ताजमहल से जुड़े कुछ रोचक तथ्य
- बदलता रंग: ताजमहल दिन के अलग-अलग समय में अलग रंग का दिखाई देता है। सुबह यह हल्का गुलाबी, दोपहर में सफेद और चांदनी रात में सुनहरा दिखाई देता है।
- सुरक्षा: द्वितीय विश्व युद्ध और भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान, ताजमहल को हवाई हमलों से बचाने के लिए बांस के घेरों से ढक दिया गया था।
- लागत: उस समय ताजमहल को बनाने में लगभग 3.2 करोड़ रुपये खर्च हुए थे, जिसकी कीमत आज के समय में अरबों रुपये है।
7. निष्कर्ष
ताजमहल केवल ईंट और पत्थरों की इमारत नहीं है, बल्कि यह कला और भावना का संगम है। हर साल दुनिया भर से लाखों लोग इसकी सुंदरता देखने आते हैं। यह भारत के समृद्ध इतिहास और मुगलकालीन वास्तुकला की भव्यता का सबसे बड़ा प्रमाण है।

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